नवरात्रि की भक्ति, शहीदों को नमन और लोहिया को श्रद्धांजलि: पीएम मोदी के संदेशों में दिखी राष्ट्र और आध्यात्म की शक्ति

मां अंबे की आराधना से शांति का संदेश, शहीद दिवस पर वीरों को नमन और लोहिया जयंती पर सामाजिक न्याय की बात

नवरात्रि की भक्ति, शहीदों को नमन और लोहिया को श्रद्धांजलि: पीएम मोदी के संदेशों में दिखी राष्ट्र और आध्यात्म की शक्ति

Ananya soch: 

अनन्य सोच। Prime minister Narendra Modi ने सोमवार को आध्यात्म, राष्ट्रभक्ति और सामाजिक चेतना से जुड़े तीन महत्वपूर्ण अवसरों पर अपने विचार साझा किए। (Navratri Message) नवरात्रि के पावन पर्व पर उन्होंने मां अंबे की आराधना के दिव्य अनुभव को रेखांकित करते हुए कहा कि भक्ति से मन को असीम शांति और आत्मिक शक्ति प्राप्त होती है।

नवरात्रि: भक्ति से आत्मिक ऊर्जा का संचार

प्रधानमंत्री ने नवरात्रि के अवसर पर एक भक्ति गीत भी साझा किया और कहा कि मां दुर्गा की उपासना जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है। उन्होंने अपने संदेश में लिखा कि “मां अम्बे की आराधना से भक्ति का अद्भुत आनंद प्राप्त होता है, जिससे मन को शांति और शक्ति मिलती है।”

शहीद दिवस पर वीरों को नमन

(Shaheed Diwas India) शहीद दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री ने भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि इन महान क्रांतिकारियों का बलिदान भारत की सामूहिक स्मृति में अमिट है और उनके साहस, देशभक्ति तथा निडरता के आदर्श आज भी हर भारतीय को प्रेरित करते हैं।

डॉ. लोहिया को याद किया

इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने (Lohia Jayanti) राम मनोहर लोहिया की जयंती पर भी उन्हें नमन किया। उन्होंने लोहिया को सामाजिक न्याय का प्रबल समर्थक और महान विचारक बताते हुए कहा कि गरीबों और वंचितों के उत्थान के लिए उनका योगदान सदैव प्रेरणादायी रहेगा। लैंगिक समानता और सहभागी शासन पर उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं।

राष्ट्र और आध्यात्म का समन्वय

(Indian Politics) प्रधानमंत्री के इन संदेशों में आध्यात्मिक चेतना, राष्ट्रभक्ति और सामाजिक समानता का समन्वय देखने को मिला, जो देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।